
रिंग रोड स्थित जगुआर कैंपस में प्रस्तावित है स्कूल का निर्माण, शहीद पुलिसकर्मियों और सेना के जवानों के बच्चों को मिलेगी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा
रांची: झारखंड की राजधानी रांची में ‘दिशोम गुरु शिबू सोरेन’ आवासीय विद्यालय का निर्माण प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को झारखंड मंत्रालय में अधिकारियों के साथ बैठक कर विद्यालय परिसर के निर्माण की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने रिंग रोड स्थित जगुआर कैंपस में जल्द से जल्द जमीन चिह्नित करने और निर्माण से जुड़ी प्रक्रियाओं को समय पर पूरा करने का निर्देश दिया।
बैठक में अधिकारियों ने मुख्यमंत्री के समक्ष विद्यालय की प्रस्तावित योजना, निर्माण कार्य, उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं और भविष्य की कार्ययोजना का प्रेजेंटेशन दिया। अधिकारियों ने बताया कि विद्यालय निर्माण के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार कर ली गई है और भूमि चिह्नित करने की प्रक्रिया जारी है।
गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता कर्तव्य के दौरान शहीद हुए पुलिसकर्मियों के साथ-साथ सेना और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) में कार्यरत जवानों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों को स्कूल निर्माण की प्रक्रिया में तेजी लाने और समय पर विद्यालय शुरू करने के लिए बेहतर कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने विद्यालय में आधुनिक संसाधनों, बेहतर बुनियादी ढांचे और गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने स्मार्ट क्लासरूम, लाइब्रेरी, आईसीटी लैब, खेल मैदान और अन्य खेल सुविधाओं की उपलब्धता के संबंध में भी जानकारी ली।
कक्षा 6 से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए हॉस्टल
हेमंत सोरेन ने निर्देश दिया कि प्रस्तावित विद्यालय का संचालन उत्कृष्ट विद्यालयों के मानकों के अनुरूप किया जाए। विद्यालय परिसर में सभी सुविधाएं आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिए।
उन्होंने छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग हॉस्टल बनाने और आवासीय परिसर में पढ़ाई से जुड़ी सभी जरूरी सुविधाएं उच्चस्तरीय रखने को कहा। बैठक में कक्षा 6 से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए बेहतर आवासीय व्यवस्था उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई।

जैप-10 होटवार में 50 बेड का अस्पताल
बैठक में रांची के जैप-10, होटवार में पुलिस परिवारों के लिए प्रस्तावित अस्पताल के संचालन पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि अस्पताल का संचालन पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर किया जाएगा।
शुरुआती चरण में अस्पताल में 50 बेड की व्यवस्था होगी। जरूरत के अनुसार इसकी क्षमता बढ़ाकर 100 बेड तक की जा सकेगी। मुख्यमंत्री ने अस्पताल में आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं और विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि पुलिस परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मुख्य सचिव अविनाश कुमार, गृह विभाग की अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, डीजीपी तदाशा मिश्रा, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के सचिव उमाशंकर सिंह, एडीजी मुख्यालय-सह-सीआईडी मनोज कौशिक, जैप के डीआईजी अनूप बिरथरे और बजट डीआईजी संध्या रानी मेहता सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
प्रस्तावित विद्यालय की प्रमुख विशेषताएं
- स्थान: जगुआर कैंपस, रिंग रोड, रांची
- उद्देश्य: शहीद पुलिसकर्मियों और सेना व केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के जवानों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना
- आवासीय सुविधा: छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग हॉस्टल
- प्रस्तावित सुविधाएं: स्मार्ट क्लासरूम, लाइब्रेरी, आईसीटी लैब और खेल मैदान
- निर्माण की स्थिति: डीपीआर तैयार, जमीन चिह्नित करने की प्रक्रिया जारी
