हजारीबाग। जिले में संगठित अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में हजारीबाग पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने कुख्यात प्रिंस खान गिरोह से कथित रूप से जुड़े तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा गिरोह के सदस्यों को हथियार उपलब्ध कराने के आरोप में एक अन्य व्यक्ति को भी पकड़ा गया है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से हथियार, बम, कारतूस, मोबाइल फोन और पर्चे बरामद करने का दावा किया है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान:
- अंकित कुमार पांडेय, निवासी पिपराडीह, बड़कागांव।
- ओमप्रकाश पांडेय, निवासी नवाडीह।
- कुणाल कुमार पांडेय, निवासी मेन रोड, पतरातू, रामगढ़।
- करमा कुमार साहू, निवासी पतरातू बाजार।
पुलिस ने क्या-क्या किया बरामद
पुलिस के अनुसार आरोपियों के पास से:
- दो देशी बम
- एक देशी पिस्टल
- एक जिंदा कारतूस
- एक मिसफायर कारतूस
- एक खोखा
- छह मोबाइल फोन
- चार पर्चे
बरामद किए गए हैं।
13 माइल फायरिंग कांड से मिला सुराग
हजारीबाग एसपी अमन कुमार ने शनिवार को बताया कि 25 जुलाई की रात 13 माइल इलाके में हुई फायरिंग की घटना की जांच के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसी आधार पर पुलिस ने अंकित कुमार पांडेय को गिरफ्तार किया।
पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने ओमप्रकाश पांडेय और कुणाल कुमार पांडेय को भी गिरफ्तार किया।
हथियार बरामदगी के दौरान भागने की कोशिश
पुलिस के अनुसार, हथियार बरामद करने के लिए एक टीम अंकित कुमार पांडेय को लेकर पिपराडीह के समीप बंद पड़े गैस प्लांट पहुंची थी। पुलिस का दावा है कि वहां आरोपी ने छिपाकर रखे हथियार निकाले और पुलिस टीम को धक्का देकर फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की।
पुलिस के अनुसार, आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में अंकित पांडेय के पैर में गोली लगी। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर बड़कागांव स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए उसे शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर किया गया।
हथियार सप्लाई करने का आरोप
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार करमा कुमार साहू पर राहुल दुबे और प्रिंस खान गिरोह के सदस्यों को हथियार उपलब्ध कराने का आरोप है। पुलिस का कहना है कि वह टेलीग्राम के माध्यम से गिरोह के सदस्यों के संपर्क में था।
आरोप है कि गिरोह सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों का इस्तेमाल कर गिद्दी थाना क्षेत्र के व्यापारियों, ठेकेदारों, कोयला कंपनियों और कारोबारियों के बीच भय का माहौल बनाकर रंगदारी वसूलने का प्रयास करता था।
रंगदारी के लिए दहशत फैलाने का आरोप
एसपी अमन कुमार के अनुसार, पुलिस को सूचना मिली थी कि करमा साहू प्रिंस खान और राहुल दुबे के नाम पर गिद्दी थाना क्षेत्र में रंगदारी के लिए दहशत फैलाने में कथित रूप से सक्रिय था। इसके बाद उसकी गिरफ्तारी के लिए विशेष जांच टीम (SIT) गठित की गई।
SIT ने कार्रवाई करते हुए करमा साहू को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, उसका आपराधिक इतिहास भी रहा है।
फिलहाल गिरफ्तार सभी आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका और जिले में हुई अन्य आपराधिक घटनाओं से इनके संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है।

