-जिला प्रशासन ने 29 अक्टूबर को जिले के सभी स्कूलों बंद रहे
आदिवासी एक्सप्रेस / संतोष कुमार दास
चतरा : बंगाल की खाड़ी में कम दबाव के कारण बने अर्णव साइक्लोन का प्रभाव पूरे चतरा जिले व्यापक रूप से देखने को मिला। दिनभर हो रही बारिश के कारण आम जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा और सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। जिले के सभी प्रखंडों में अर्णव साइक्लोन का असर देखने को मिला। एहतियात के तौर पर जिला प्रशासन के द्वारा प्राथमिक विद्यालयों से लेकर प्लस टू विद्यालयों में अवकाश घोषित कर दिया गया। मालूम हो कि बुधवार देर रात से आसमान में घने बादल छाए हुए थे और गुरुवार अहले सुबह से रुक-रुक कर हल्की से मध्यम बारिश लगातार हो रही है। लगातार हो रही बारिश से किसानों में खड़ी फसलों को लेकर चिंता बनी हुई है।
बारिश को देखते हुए एहतियात के तौर पर चतरा जिला प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। जिले के सभी सरकारी, गैर सरकारी और निजी विद्यालयों में केजी से लेकर 12वीं तक की कक्षाएं गुरुवार को बंद कर दी गई । जिला प्रशासन ने अभिभावकों से बच्चों को घर पर ही सुरक्षित रखने की अपील की है। लगातार हो रही बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। रुक रुक कर लगातार बारिश होने के कारण कई स्थानों पर जलजमाव की स्थिति बन गई है। बाजार में चहल-पहल कम देखी गई। राहत की बात है कि अभी क्षेत्र में धान की कटाई शुरू नहीं हुई है, जिससे फसल को बड़े नुकसान की आशंका नहीं है। हालांकि खेतों में लगी धान की फसल को लेकर किसान चिंतित हैं। कृषि विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि मौसम साफ होने तक कटाई टाल दें। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम में अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और मौसम विभाग के अलर्ट पर ध्यान दें। शुक्रवार को हालांकि थोड़ी देर के लिए मौसम के मिजाज में परिवर्तन देखा गया किंतु शाम होते-होते फिर से बारिश होने लगी। बारिश के प्रभाव से दैनिक मजदूरों को एवं अन्य व्यवसायियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। जिले में बारिश से कहीं से कोई क्षति की सूचना नहीं है।
