भाटडीह गोदाम निरीक्षण में कई चौंकाने वाले तथ्य उजागर, चावल के जगह खुद्दी वितरण का आरोप
गोदाम में अनियमितता की शिकायत पर प्रमुख प्रतिनिधि, उपप्रमुख और बीस सूत्री अध्यक्ष ने की जांच
गिरिडीह। जिले के जमुआ प्रखंड के भाटडीह गोदाम के निरीक्षण के दौरान कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। विदित हो कि प्रमुख प्रतिनिधि संजीत यादव,
उपप्रमुख रब्बुल हसन रब्बानी एवं बीस सूत्री अध्यक्ष मो. जुनैद आलम ने संयुक्त रूप से गोदाम का निरीक्षण किया तथा व्यवस्था का जायजा लिया। उक्त अवसर पर दो 2 ट्रक मौजूद था,जिसमें एक ट्रक राशन लोड था जबकि दूसरा ट्रक राशन लोड किया जा रहा था। जांचोपरांत मामले का खुलासा हो पाएगा कि मामला क्या था। दिन के उजाले में कौन सा गोरखधंधा हो रहा था, जांच के दौरान सामने आई अनियमितता से संबंधित विभाग और गोदाम प्रबंधन की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। निरीक्षण के दौरान जनप्रतिनिधियों ने पाया कि एजीएम छुट्टी पर हैं, फिर भी गोदाम से चावल निकाला जा रहा है। इतना ही नहीं लाभुकों को निर्धारित गुणवत्ता के चावल के स्थान पर खुद्दी (टूटा हुआ चावल) वितरित किए जाने की शिकायतें सही प्रतीत हुआ। मौके पर मौजूद कई लाभुकों ने भी वितरण की गुणवत्ता को लेकर नाराजगी जताई और बताया कि उन्हें मानक के अनुरूप खाद्यान्न (राशन) नहीं मिल रहा है। सबसे हैरानी की बात यह रही कि वितरण स्थल पर कोई अधिकृत प्रभारी या जिम्मेदार पदाधिकारी मौजूद नहीं मिला। गोदाम में खाद्यान्न वितरण और रखरखाव से संबंधित आवश्यक अभिलेखों की भी समुचित व्यवस्था नहीं पाई गई। निरीक्षण टीम ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए तत्काल जांच और कार्रवाई की मांग की। प्रमुख प्रतिनिधि संजीत यादव ने कहा कि गरीबों के लिए भेजे गए खाद्यान्न की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि जांच में अनियमितता प्रमाणित होती है तो दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाएगी। वहीं बीस सूत्री अध्यक्ष मो. जुनैद आलम ने कहा कि सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही आवश्यक है तथा लाभुकों के अधिकारों का हनन किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। उपप्रमुख रब्बुल हसन रब्बानी ने कहा कि पता चला कि भाटडीह गोदाम से दो ट्रक चावल की कालाबाजारी के लिए लोड किया जा रहा हैं, जिसके जांच के लिए हमलोग यहां पहुंचे हैं। बीडीओ अमल जी, जेएमएम नेता बैजू यादव ने गोदाम पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। झामुमो नेता बैजू यादव ने कहा कि उपायुक्त से आग्रह करता हूं कि एजीएम पर सख्त से सख्त कार्रवाई किया जाए। निरीक्षण के दौरान कई अन्य कमियां भी उजागर हुईं, जिनमें गोदाम की व्यवस्था, निगरानी तंत्र की कमजोरी तथा वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी प्रमुख रूप से शामिल हैं। जनप्रतिनिधियों ने संबंधित उच्चाधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की है। स्थानीय लोगों की नजर अब प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। यदि आरोपों की पुष्टि होती है तो सार्वजनिक वितरण प्रणाली में बड़े स्तर पर गड़बड़ी का मामला सामने आ सकता है।
क्या कहते हैं बीडीओ
जमुआ प्रखंड विकास पदाधिकारी अमल जी ने कहा कि यहां के प्रभारी एजीएम मदन मोहन सिंह है, वह दो दिन से आकस्मिक अवकाश पर है। उनके अनुपस्थिति में गोदाम अनधिकृत व्यक्ति के द्वारा खोला गया है, माल का लोडिंग ट्रक में किया जा रहा था। इसलिए उसको रुकवा दिया गया है, जब तक प्रभारी एजीएम नहीं आते है, तब तक यहां से कोई भी माल नहीं जाएगा। गोदाम को बंद कर दिया गया हैं।
अधिकारी नदारद, फिर भी खुला गोदाम
गोदाम के आधिकारिक प्रभारी (एजीएम) मदन मोहन सिंह आकस्मिक अवकाश पर हैं। इसके बावजूद गोदाम को अनधिकृत (अवैध) रूप से खोलकर ट्रकों में सरकारी अनाज की लोडिंग की जा रही थी। मौके पर कोई भी जिम्मेदार सरकारी पदाधिकारी मौजूद नहीं था।
चावल की जगह ‘ खुद्दी’ का खेल
गरीबों को बांटे जाने वाले मानक और उच्च गुणवत्ता के चावल की जगह गोदाम से घटिया स्तर की खुद्दी (टूटा हुआ चावल) वितरित करने की शिकायतें सही पाई गईं। मौके पर मौजूद दर्जनों लाभुकों ने घटिया खाद्यान्न मिलने पर भारी नाराजगी और आक्रोश जताया।
