कोलकता में प्रधानमंत्री ने भरी परिवर्तन की हुंकार
-कहा, बंगाल से निर्मम सरकार का अंत होकर रहेगा
-भाजपा की सरकार बनने पर बंगाल में लौटेगा कानून का राज
कोलकाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोलकाता में शनिवार को ममता बनर्जी सरकार और टीएमसी पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि वोट बैंक के लिए घुसपैठियों को यहां दिये जा रहे संरक्षण से रोटी, माटी और बेटी तीनों को खतरा है। टीएमसी सरकार घुसपैठियों को यहां की जमीन पर कब्जा दिला रही है। बंगाल के ज्यादातर इलाकों में डेमोग्राफी बदल गयी है। टीएमसी सरकार गुंडों और अपराधियों की बैशाखी पर चलती है। प्रधानमंत्री विधानसभा चुनाव की घोषणा से ठीक पहले बंगाल के दौरे पर कोलकाता के ब्रिगेड परेड मैदान में भाजपा की मेगा परिवर्तन संकल्प रैली को संबोधित कर रहे थे।

मोदी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का नाम लिये बिना उनके हालिया एक बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि बंगाल के हिंदुओं को खुलेआम धमकी दी जा रही है कि एक समुदाय आपको कभी भी खत्म कर देगी। प्रधानमंत्री ने कहा कि संवैधानिक पद पर बैठे लोगों को यह बात शोभा नहीं देती। उन्होंने लोगों से परिवर्तन का आह्वान करते हुए कहा कि बंगाल से इस निर्मम सरकार का अंत होकर रहेगा। मोदी ने कहा कि भाजपा की सरकार बनने पर बंगाल में कानून का राज लौटेगा। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा सरकार में टीएमसी संरक्षित हर अपराधी व अत्याचारी का चुन-चुन कर हिसाब लिया जायेगा।

परविर्तन यात्रा का हुआ समापन:
चुनाव से पहले भाजपा द्वारा बंगाल में 1 से 10 मार्च तक आयोजित लगभग 5,000 किलोमीटर लंबी राज्यव्यापी परिवर्तन यात्रा का इस रैली के साथ समापन हुआ। भाजपा की इस परिवर्तन यात्रा को हाल के वर्षों में बंगाल में उसका सबसे व्यापक राज्यव्यापी जनसंपर्क अभियान माना जा रहा है। रैली से पहले प्रधानमंत्री ने राज्य में बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी से जुड़ी लगभग 18,680 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन भी किया। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के बाद 28 फरवरी को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद पीएम का बंगाल का यह पहला दौरा है। ब्रिगेड मैदान से चुनावी शंखनाद के साथ पीएम ने बंगाल की जनता की जनता से राज्य में सत्ता परिवर्तन का आह्वान किया।
ब्रिगेड मैदान बंगाल की आवाज बनता है:
मोदी ने कहा कि ब्रिगेड परेड ग्राउंड का इतिहास साक्षी है जब-जब बंगाल देश को दिशा देता है, यह ब्रिगेड मैदान बंगाल की आवाज बनता है। इस मैदान से अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ उठी आवाज हिंदुस्तान में क्रांति बन गयी थी। उसका नतीजा क्या हुआ, अंग्रेजों के अत्याचार और लूट का खात्मा हुआ। आज यहां से नये बंगाल की क्रांति का बिगुल बज गया है। बंगाल में बदलाव अब दीवारों पर भी लिख चुका है और बंगाल के लोगों के दिलों में भी छप चुका है।
