आदिवासी एक्सप्रेस संवाददाता- अबुल कलाम
टंडवा- (चतरा) थाना क्षेत्र के अंतर्गत उड़सू में चंद्रगुप्त कोल परियोजना स्थित सुशी इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड के कार्यालय में 23 अगस्त को मोटरसाइकिल सवार 4 अज्ञात अपराधियों द्वारा दहशत फैलाने और रंगदारी मांगने के उद्देश्य से अंधाधुंध फायरिंग करने तथा सुरक्षा गार्ड को गोली मारकर घायल करने की घटना को टंडवा पुलिस ने 24 घंटे के भीतर सुलझा लिया है। इस मामले में टंडवा थाना में कांड संख्या 193/26 दर्ज कर पुलिस अधीक्षक चतरा के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी टंडवा के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया था। मंगलवार को अनुमंडल पुलिस कार्यालय टंडवा में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस अधीक्षक अनिमेष नैथानी ने बताया कि तकनीकी साक्ष्य और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने 24 अगस्त को रांची के एयरपोर्ट थाना क्षेत्र से सटे मैदान के पास से दो अपराधियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान सचिवालय कॉलोनी डोरंडा रांची निवासी विकास कुमार सिंह और मूल रूप से अरसधी कटकमसांडी हजारीबाग के रहने वाले वर्तमान भवानीपुर डोरंडा रांची निवासी स्वराज ठाकुर के रूप में हुई है। इनके पास से बरामद मोबाइल की गहन जांच में घटना से जुड़े कई महत्वपूर्ण साक्ष्य मिले हैं। पूछताछ में दोनों ने इस घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की और तीन अन्य सहयोगियों के नाम भी बताए। जांच में यह भी सामने आया है कि घटना के बाद राहुल दुबे की ओर से स्वराज ठाकुर के खाते में पचास हजार रुपये भेजे गए थे। विकास सिंह ने बताया कि उसने घटना में प्रयुक्त हथियार को भागने के क्रम में रास्ते में छुपा दिया था। उसकी निशानदेही पर बरामदगी के लिए ले जाने के दौरान उसने पुलिस पदाधिकारी की पिस्टल छीनकर गोलीबारी करते हुए भागने का प्रयास किया। आत्मरक्षा और हथियार की सुरक्षा को देखते हुए पुलिस टीम द्वारा चेतावनी के साथ कमर के नीचे जवाबी फायर किया गया, जिसमें विकास के पैर में गोली लग गई। उसे तुरंत इलाज के लिए एनटीपीसी संजीवनी अस्पताल टंडवा ले जाया गया, जहां से बेहतर इलाज के लिए हजारीबाग रेफर कर दिया गया है। पुलिस के अनुसार विकास ही वह मुख्य शूटर है जिसने सुशी इंफ्रा कंपनी के कार्यालय में गोलीबारी की थी। पुलिस ने इस कांड में 7.65 एमएम का एक खोखा, 7.62 एमएम के 19 खोखे, तीन स्मार्ट फोन और बत्तीस हजार आठ सौ रुपये बरामद किए हैं। फरार अन्य तीन अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। घटना के इस सफल उद्भेदन में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी प्रभात रंजन बरवार, पु०नि० सह थाना प्रभारी पप्पू कुमार शर्मा, पु०अ०नि० प्रशान्त कुमार मिश्रा थाना प्रभारी पिपरवार, पु०अ०नि० प्रभात कुमार टंडवा थाना, पु०अ०नि० अमित कुमार , संदीप कुमार , तकनीकी शाखा टीम सहित टंडवा थाना रिजर्व गार्ड के सशस्त्र बल शामिल थे।
चंद्रगुप्त कोल परियोजना में अंधाधुंध फायरिंग का 24 घंटे में खुलासा, राहुल दुबे गैंग के दो अपराधी गिरफ्तार
