बस स्टैंड के अभाव में जाम, दुर्घटना का खतरा और मूलभूत सुविधाओं की कमी से रोजाना जूझ रहे लोग
बौंसी। धार्मिक, पर्यटन और व्यापारिक महत्व रखने वाले बौंसी नगर में आज भी एक व्यवस्थित बस स्टैंड का अभाव बना हुआ है। इसका खामियाजा रोजाना हजारों यात्रियों और स्थानीय लोगों को भुगतना पड़ रहा है। बसों का ठहराव मुख्य सड़क और बाजार क्षेत्र में होने से दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है। वहीं सड़क किनारे बसों पर चढ़ने-उतरने के दौरान दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती है।
मंदार पर्वत सहित आसपास के धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। इसके अलावा व्यापारिक गतिविधियों के कारण भी बौंसी में यात्रियों की आवाजाही लगातार बनी रहती है। बावजूद इसके नगर में अब तक आधुनिक बस स्टैंड का निर्माण नहीं हो सका है।
बस स्टैंड नहीं होने से यात्रियों को खुले आसमान के नीचे बस का इंतजार करना पड़ता है। बरसात में कीचड़ और जलजमाव, गर्मी में तेज धूप तथा सर्दी में ठंड के बीच लोगों को घंटों खड़ा रहना पड़ता है। महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ती है। साथ ही प्रतीक्षालय, शौचालय, पेयजल और पार्किंग जैसी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि चुनाव के समय बस स्टैंड निर्माण का मुद्दा प्रमुखता से उठाया जाता है, लेकिन चुनाव समाप्त होते ही यह वादा अधूरा रह जाता है। लोगों ने सरकार और जनप्रतिनिधियों से बौंसी में शीघ्र आधुनिक एवं सुव्यवस्थित बस स्टैंड का निर्माण कराने की मांग की है। उनका कहना है कि इससे यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, सड़क पर लगने वाले जाम से राहत मिलेगी और दुर्घटनाओं की आशंका भी कम होगी।

